Verse 186-ईंट-Bricks

नक़्शे सोचो, रूप विचारो सुन्दर घर के, पर,
अपना नाम लिखा लो चाहे ईंट-ईंट ऊपर |
खूब सजाओ खूब संवारो इसका कोना-कोना,
लोग देख कर बरबस बोलें, कितना सुन्दर घर ||