Verse 235-मधुमक्खी- Bee

रस चूसे कलियों-फूलों का यह सारा दिन-भर,
रात को लेखा-जोखा करती बैठ समेटे पर।
मधुमक्खी का काम है मीठा शहद कली का लेकर ,
उससे भरते रहना अपने छत्ते का घर-घर ||