Verse 103- शेर-Lion

बहुत ही सुन्दर और बहादुर शेरों में बब्बर,
मगर शेरनी बच्चे पाले ठांव-ठांव जाकर |
शेर तनिक न बने सहायक काहे का वनराज,
निज-हितकारी गृह-स्वामी का घर निकम्मा घर ||